बी के झा
NSK

दरभंगा (बिहार ), 7 मार्च
बिहार के दरभंगा में शुक्रवार को दिनदहाड़े हुई गोलीबारी की घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। नगर थाना क्षेत्र के बाबा उगना मंदिर के पास स्थित सेनापथ मोहल्ले में अपराधियों ने वाव रेस्टोरेंट और वाव वाटर पार्क के मालिक अनवर कमाल उर्फ लड्डू को गोली मार दी। गंभीर रूप से घायल कारोबारी को पहले निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए डीएमसीएच रेफर कर दिया। अस्पताल सूत्रों के अनुसार उनकी हालत फिलहाल नाजुक बनी हुई है।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार अनवर कमाल मस्जिद से नमाज अदा कर बाहर निकल रहे थे, तभी पहले से घात लगाए अपराधियों ने उन पर अचानक फायरिंग कर दी। गोली उनके पेट के निचले हिस्से में लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए और घटनास्थल पर ही गिर पड़े। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल उन्हें अस्पताल पहुंचाया।घटना की सूचना मिलते ही नगर थाना समेत कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंच गई और पूरे इलाके को घेरकर जांच शुरू कर दी। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है, जबकि एफएसएल की टीम भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है।
लेनदेन विवाद की आशंका, पुलिस हर एंगल से कर रही जांच
मामले की पुष्टि करते हुए सदर डीएसपी राजीव कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह मामला आपसी विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। पुलिस के अनुसार टेम्पो चार्जिंग को लेकर किसी प्रकार का विवाद सामने आया है, जिसके बाद झगड़े के दौरान फायरिंग की घटना हुई।डीएसपी ने कहा कि घायल कारोबारी के होश में आने के बाद उनका बयान दर्ज किया जाएगा, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अस्पताल में समर्थकों की भीड़, इलाके में पुलिस तैनात
घटना की खबर फैलते ही डीएमसीएच में अनवर कमाल के समर्थकों और परिचितों की भारी भीड़ जुट गई। स्थिति को देखते हुए सेनापथ मोहल्ले में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके।
घटना पर गरमाई राजनीति
इस घटना के बाद राज्य की कानून व्यवस्था को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। दरभंगा के एक वरिष्ठ शिक्षाविद ने राज्य सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि जब से बिहार में गृहमंत्रालय की जिम्मेदारी Samrat Choudhary के पास आई है, तब से अपराध की घटनाओं में बढ़ोतरी दिखाई दे रही है।उन्होंने कहा कि बिहार की कानून व्यवस्था धीरे-धीरे कमजोर होती नजर आ रही है और लोगों में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है।उन्होंने यह भी चिंता जताई कि राज्य की राजनीति में हो रहे बड़े बदलावों के बीच कहीं सामाजिक सौहार्द प्रभावित न हो जाए।
विपक्ष का हमला
विपक्षी दलों ने इस घटना को लेकर सरकार पर हमला बोला है। विपक्ष के नेताओं का कहना है कि बिहार में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और सरकार कानून व्यवस्था बनाए रखने में विफल साबित हो रही है।विपक्षी नेताओं का कहना है कि राज्य में व्यवसायियों और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है, लेकिन बार-बार सामने आ रही घटनाएं इस दावे को कमजोर करती हैं।
सरकार का पक्ष
वहीं सत्तारूढ़ दल के नेताओं का कहना है कि सरकार अपराध के प्रति “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर काम कर रही है और पुलिस को अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि इस घटना में शामिल अपराधियों की पहचान जल्द कर ली जाएगी और उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
कानूनविदों की राय
कानून विशेषज्ञों का मानना है कि बिहार में लगातार सामने आ रही आपराधिक घटनाएं पुलिसिंग व्यवस्था की मजबूती और न्यायिक प्रक्रिया की गति पर भी सवाल खड़े करती हैं।कानूनविदों का कहना है कि यदि अपराधियों को समय पर सख्त सजा मिले तो इस तरह की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।
सामाजिक संगठनों की चिंता
स्थानीय सामाजिक संगठनों और नागरिक मंचों ने इस घटना को गंभीर बताते हुए प्रशासन से कानून व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। समाजसेवियों का कहना है कि व्यवसायियों पर हमले से शहर के व्यापारिक माहौल पर भी नकारात्मक असर पड़ सकता है।
बड़ा सवाल:
क्या बदलती राजनीति के बीच बढ़ रहा अपराध?
दरभंगा की यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब बिहार की राजनीति में बड़े बदलाव की चर्चा जोरों पर है। ऐसे में सवाल उठने लगे हैं कि क्या राजनीतिक अस्थिरता का असर कानून व्यवस्था पर भी पड़ रहा है।
फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की जांच में जुटी है और उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही अपराधियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
