अहमदाबाद की साबरमती जेल में ‘रिसिन मॉड्यूल’ का आरोपी घायल, कैदियों ने किया हमला

बी के झा

NSK

अहमदाबाद / न ई दिल्ली, 18 नवंबर

साबरमती सेंट्रल हाई सिक्योरिटी जेल में मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया जब हाल ही में गुजरात एटीएस द्वारा गिरफ्तार किए गए संदिग्ध आतंकी डॉ. अहमद मोहियुद्दीन सैयद पर तीन कैदियों ने हमला कर दिया। रिसिन जैसे घातक जहर का इस्तेमाल कर बड़े पैमाने पर लोगों की हत्या की साजिश रचने के आरोप में गिरफ्तार सैयद इस झड़प में घायल हो गया।

कैदियों से अचानक भिड़ंत, सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल

जेल अधीक्षक गौरव अग्रवाल के अनुसार घटना दोपहर के समय घटी, जब तीन विचाराधीन कैदियों और अहमद मोहियुद्दीन के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी शुरू हुई। देखते ही देखते विवाद हाथापाई में बदल गया। सुरक्षा कर्मियों के हस्तक्षेप तक सैयद को चोटें लग चुकी थीं।जेल प्रशासन ने बताया कि झड़प की वजह स्पष्ट नहीं है और इसकी जांच शुरू कर दी गई है।

अस्पताल ले जाकर करवाया गया इलाज

घायल सैयद को तुरंत जेल परिसर के निकट स्थित सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मेडिकल जांच की गई। प्राथमिक उपचार के बाद उसे वापस हाई सिक्योरिटी बैरक में शिफ्ट कर दिया गया। अधिकारियों ने इसे “गंभीर नहीं” श्रेणी की चोटें बताया है।

एफआईआर दर्ज करने के लिए पुलिस से आग्रह

जेल प्रबंधन ने इस हमले को लेकर स्थानीय पुलिस को औपचारिक रिपोर्ट भेज दी है और एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। तीनों हमलावर कैदियों से भी पूछताछ की जाएगी।

कौन है अहमद मोहियुद्दीन सैयद?हैदराबाद का रहने वाला MBBS डॉक्टर अहमद मोहियुद्दीन सैयद गुजरात एटीएस द्वारा 8 नवंबर को गिरफ्तार किए गए तीन संदिग्ध आतंकियों में शामिल है। एटीएस के अनुसार यह मॉड्यूल रिसिन जहर तैयार कर भीड़भाड़ वाले इलाकों में बड़े पैमाने पर जनहानि की साजिश रच रहा था।घर से मिले रसायन और ‘रिसिन’ बनाने का कच्चा माल गिरफ्तारी के बाद एटीएस ने हैदराबाद स्थित सैयद के घर में सर्च ऑपरेशन चलाया था।

टीम को वहां से रिसिन बनाने में उपयोग हो सकने वाले रसायन, कच्चा माल और कुछ संदिग्ध दस्तावेज मिले थे। इन सभी का फोरेंसिक परीक्षण जारी है।न्यायिक हिरासत में भेजे गए थे तीनों आरोपी पुलिस रिमांड पूरी होने के बाद हाल ही में अदालत ने तीनों संदिग्धों को न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया था, जिसके बाद इन्हें साबरमती सेंट्रल जेल में रखा गया।

हाई सिक्योरिटी श्रेणी होने के बावजूद इस हमले ने जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।जांच जारी, कई एजेंसियां सतर्क घटना

के बाद एटीएस और अन्य जांच एजेंसियों को भी सूचित कर दिया गया है। चूंकि मामला राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा है, इसलिए जेल में आरोपी की सुरक्षा बढ़ाने के निर्देश जारी किए जा चुके हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *