ट्रेड डील या रणनीतिक आत्मसमर्पण? अमेरिका के साथ समझौते पर उठे सवाल और लापता नागरिकों पर सरकार की चुप्पी

बी के झा नई दिल्ली/ लखनऊ, 10 फनवरी भारत और अमेरिका के बीच जिस तथाकथित “ट्रेड डील” को सरकार एक बड़ी कूटनीतिक उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत कर रही है, उस पर अब गंभीर सवाल उठने लगे हैं। देश के पूर्व वित्त मंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने इस समझौते को न केवल…

भारत की BRICS अध्यक्षता: रणनीतिक संतुलन, वैश्विक आतंकवाद और बहुध्रुवीय विश्व की नई धुरी

बी के झा नई दिल्ली/मॉस्को, 10 फरवरी रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव का यह बयान कि “भारत की अध्यक्षता में BRICS के एजेंडे का रूस पूर्ण समर्थन करेगा” केवल औपचारिक कूटनीतिक शिष्टाचार नहीं है, बल्कि बदलते वैश्विक शक्ति-संतुलन में भारत की बढ़ती भूमिका की स्पष्ट स्वीकृति भी है। ऐसे समय में जब पश्चिमी दुनिया…

एनकाउंटर से राहत पैकेज तक: बिहार की सियासत में ‘कठोर राज्य’ और ‘कल्याणकारी सरकार’ की दोहरी तस्वीर

बी के झा वैशाली/पटना, 7 फरवरी एक ओर कुख्यात अपराधी का एनकाउंटर, दूसरी ओर प्रवासी मजदूरों के लिए राहत पैकेज—बिहार में एक ही दिन में राज्य की दो अलग-अलग तस्वीरें सामने आईं। पुलिस की बंदूक और सरकार की सहायता राशि, दोनों ने मिलकर यह सवाल खड़ा कर दिया कि क्या बिहार कानून-व्यवस्था और सामाजिक सुरक्षा…

आधी रात की गिरफ्तारी, ‘जान का खतरा’ और सत्ता से टकराव पप्पू यादव बनाम व्यवस्था: कानून का पालन या राजनीतिक प्रतिशोध?

बी के झा पटना/पूर्णिया, 7 फरवरी बिहार की राजनीति में शुक्रवार आधी रात एक बार फिर उबाल पर दिखी, जब पूर्णिया के निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव को पुलिस ने उनके पटना स्थित आवास से 31 साल पुराने एक मामले में गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी से पहले करीब तीन घंटे तक हाई-वोल्टेज ड्रामा…

घूसखोरी के खिलाफ ‘निगरानी मॉडल ’: नीतीश सरकार का बड़ा दांव, क्या सच में भ्रष्टाचार-मुक्त हो पाएगा बिहार?

बी के झा पटना, 7 फरवरी भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति को एक बार फिर धार देते हुए नीतीश सरकार ने बिहार में निगरानी तंत्र को ज़मीनी स्तर तक मजबूत करने का फैसला किया है। राज्य के अररिया, पूर्णिया और कटिहार जिलों में जल्द ही नए निगरानी थाने खोले जाएंगे, जबकि लंबित मामलों…

प्लीज़! हमारे सैनिक को वापस ले आइए ” सेलिना जेटली की भावुक अपील, विदेशी जेल में भारतीय सैन्य सम्मान और भारत की कूटनीतिक परीक्षा

बी के झा नई दिल्ली / मुंबई, 7 फरवरी डबडबी आंखें, कांपती आवाज़ और एक बहन की बेबसी—बॉलीवुड अभिनेत्री सेलिना जेटली का यह भावुक दृश्य सिर्फ एक पारिवारिक पीड़ा नहीं, बल्कि भारत के सामने खड़े एक बड़े सवाल की तस्वीर बन गया है। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की जेल में सितंबर 2024 से बिना मुकदमे…

आधी रात की गिरफ्तारी और सियासी उबाल 31 साल पुराने मकान विवाद में पप्पू यादव सलाखों के पीछे, राजनीति गरमाई

बी के झा पटना/पूर्णिया, 7 फरवरी बिहार की राजनीति शुक्रवार देर रात उस वक्त उफान पर आ गई, जब पूर्णिया से निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव को पटना पुलिस ने 31 साल पुराने एक आपराधिक मामले में गिरफ्तार कर लिया। मामला किराए के मकान पर कथित कब्जे और धोखाधड़ी से जुड़ा है, लेकिन…

ट्रंप क्यों झुके? भारत–EU–UK की ट्रेड शतरंज और अमेरिका की मजबूरी —एक राजनीतिक-आर्थिक विश्लेषण

बी के झा नई दिल्ली, 4 फरवरी पिछले एक वर्ष में भारत की विदेश व्यापार नीति में जो बदलाव दिखा है, वह सिर्फ आर्थिक रणनीति नहीं बल्कि एक सुविचारित भू-राजनीतिक पुनर्संयोजन (geopolitical realignment) है। दशकों तक ठंडे बस्ते में पड़े मुक्त व्यापार समझौते (FTA) अचानक गति पकड़ते हैं, और उसी क्रम में दुनिया की सबसे…

ट्रंप के आगे सिर झुका दिया?’—ट्रेड डील पर क्यों भड़के किसान, खेती-डेयरी के मोर्चे पर सरकार की अग्निपरीक्षा राजनीतिक विश्लेषण | अर्थनीति | किसान बनाम बाज़ार

बी के झा नई दिल्ली, 4 फरवरी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच घोषित द्विपक्षीय व्यापार समझौते ने एक तरफ़ जहां भारत-अमेरिका आर्थिक रिश्तों को नई ऊंचाई पर पहुंचाने का दावा किया है, वहीं दूसरी ओर देश की राजनीति और किसान आंदोलन में एक नई बहस छेड़ दी है। सवाल सीधा…

संसद डायरी | ‘कैफेटेरिया नहीं, सदन आपकी कर्मभूमि है’—PM मोदी की सख़्त नसीहत, गलियारों से सदन तक राजनीति गरम

बी के झा नई दिल्ली, 4 फरवरी संसद का बजट सत्र आमतौर पर आंकड़ों, विधेयकों और तीखी बहसों के लिए जाना जाता है, लेकिन कई बार असली राजनीति सदन के भीतर नहीं, बल्कि उसके बाहर—सीढ़ियों, लॉबी और गलियारों में आकार लेती है। मंगलवार का दिन कुछ ऐसा ही रहा, जब एक ओर विपक्ष ने क्षेत्रीय…