त्योहारों की रफ्तार पर ‘ब्रेक’ — IRCTC की वेबसाइट और ऐप घंटों रहे ठप, तत्काल टिकट बुकिंग पर यात्रियों की आफत! सोशल मीडिया पर फूटा यात्रियों का गुस्सा

बी के झा

NSK

नई दिल्ली , 17 अक्टूबर

त्योहारों के मौसम में जब देश भर के रेलवे स्टेशन यात्रियों से खचाखच भरे होते हैं और हर कोई ‘तत्काल टिकट’ के लिए मिनटों का खेल खेल रहा होता है — ठीक उसी समय IRCTC की वेबसाइट और मोबाइल ऐप ने हाथ खड़े कर दिए।शुक्रवार, 17 अक्तूबर 2025 की सुबह अचानक IRCTC सर्वर डाउन हो गया। न वेबसाइट खुल रही थी, न मोबाइल ऐप।

तत्काल टिकट की बुकिंग पूरी तरह ठप हो गई।लाखों यात्रियों के लिए यह न केवल परेशानी भरा बल्कि त्योहारों की यात्रा योजना पर पानी फेरने वाला झटका साबित हुआ। कई यात्रियों ने सोशल मीडिया पर अपना गुस्सा जाहिर किया, जबकि रेलवे प्रशासन ने तकनीकी खराबी का हवाला देते हुए ‘अल्प समय में सेवा बहाल होने’ की सफाई दी।

“बुकिंग का पीक टाइम और सर्वर डाउन!” — यात्रियों की नाराज़गी उफान पर IRCTC का सर्वर सुबह 10 बजे से दोपहर करीब 12 बजे तक बार-बार ठप होता रहा। इस दौरान तत्काल और प्रीमियम तत्काल टिकट की बुकिंग करने वाले यात्रियों को “Server Error 119” और “Technical Issue” जैसे मैसेज मिलते रहे।यात्री अविनाश कुमार ने एक्स (पहले ट्विटर) पर लिखा —बुकिंग का पीक टाइम है और सर्वर डाउन है! त्योहारों का सीजन है, लेकिन किसी को परवाह नहीं।

मौजूदा सरकार के 11 साल बाद भी IRCTC की वेबसाइट सुधर नहीं पाई।एक अन्य यात्री ने लिखा —हर बार जब तत्काल टिकट का वक्त आता है, IRCTC ऐसे ठप हो जाता है जैसे 2G जमाने का इंटरनेट चला रहा हो। आम आदमी को टिकट नहीं मिलता, लेकिन एजेंट सेकेंडों में सब ले जाते हैं।”

‘एजेंट राज’ पर उठे सवाल की यात्रियों ने सोशल मीडिया पर यह आरोप भी लगाया कि सर्वर डाउन का असर केवल आम यूजर्स पर पड़ता है, जबकि बुकिंग एजेंट और ट्रैवल माफिया बिना किसी दिक्कत के टिकट निकाल लेते हैं।

सचिन शर्मा नाम के एक यूजर ने लिखा —तत्काल के समय वेबसाइट हमेशा मेंटेनेंस में होती है। एजेंटों के लिए बुकिंग का टाइम बदला गया था, लेकिन साइट की गति वही कछुआ जैसी है। आम यात्री को संघर्ष करना पड़ता है, ये सिस्टम और भी दयनीय हो गया है।”वहीं सद्दाम हुसैन नाम के एक यात्री ने सीधे IRCTC को टैग करते हुए कहा सर्वर एरर, एरर कोड: 119, कृपया इसे ठीक करें। हर बार तत्काल टिकट के वक्त यही दिक्कत आती है, कृपया बेहतर सर्वर सिस्टम दें।”

पिछले साल भी दोहराई गई वही कहानी यह पहली बार नहीं है जब IRCTC की वेबसाइट त्योहारों से पहले ठप हुई हो।पिछले वर्ष दिवाली और धनतेरस से ठीक पहले भी यही समस्या आई थी, जब यात्रियों ने ऑनलाइन टिकट बुकिंग को लेकर घंटों तक परेशानियों की शिकायत की थी।रेलवे मंत्रालय ने तब भी तकनीकी कारणों का हवाला देते हुए “सिस्टम अपग्रेड” की बात कही थी, लेकिन इस बार फिर वही हालात लौट आए हैं।

त्योहारों के सीजन में लाखों यात्रियों पर असर त्योहारों से पहले देश भर में यात्रियों की संख्या कई गुना बढ़ जाती है। ऐसे में IRCTC की वेबसाइट का डाउन होना देशव्यापी यात्रा प्रणाली पर बड़ा असर डालता है।

रेलवे सूत्रों के मुताबिक, हर मिनट में 15,000 से अधिक यूजर टिकट बुक करने की कोशिश करते हैं, जिनमें से 80% “तत्काल स्लॉट” के दौरान होते हैं। इस बार अचानक सर्वर लोड बढ़ने से सिस्टम हैंग हो गया, जिसके कारण न केवल नई बुकिंग, बल्कि पहले से जारी टिकटों की कन्फर्मेशन और कैंसलेशन प्रक्रिया भी प्रभावित हुई।

रेलवे का सफाई बयान

रेलवे अधिकारियों ने तकनीकी गड़बड़ी की पुष्टि करते हुए बताया “IRCTC की वेबसाइट पर सुबह अस्थायी तकनीकी समस्या आई थी। हमारी टेक्निकल टीम ने तुरंत काम शुरू किया और दोपहर तक सेवा सामान्य हो गई।

यात्रियों की असुविधा के लिए खेद है।”हालांकि, यात्रियों का कहना है कि सिर्फ ‘खेद’ जताने से काम नहीं चलेगा।वे चाहते हैं कि रेलवे, IRCTC के सर्वर को इतना मजबूत बनाए कि त्योहारों के समय लाखों यूजर एक साथ लॉगिन करें, तब भी सिस्टम ठप न पड़े।

विश्लेषण:

‘डिजिटल इंडिया’ में डिजिटल यात्रा क्यों ठप?देश जब डिजिटल इंडिया और 5G कनेक्टिविटी का दावा करता है, तो IRCTC का बार-बार ठप होना यह सवाल खड़ा करता है कि क्या हमारे सरकारी ऑनलाइन इंफ्रास्ट्रक्चर त्योहारों के दबाव को झेलने लायक हैं?

विशेषज्ञों का कहना है कि सर्वर की क्षमता बढ़ाने, डेटा लोड मैनेजमेंट और सायबर इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए तकनीकी निवेश बढ़ाना जरूरी है, नहीं तो हर साल दिवाली से पहले यात्रियों को यही सियापा झेलना पड़ेगा।

फिलहाल वेबसाइट चालू, पर भरोसा अब भी डाउन

शाम तक IRCTC की वेबसाइट और ऐप दोबारा सुचारू रूप से चलने लगीं, लेकिन यात्रियों के भरोसे की पटरी अब भी डगमगाई हुई है।कई लोगों ने कहा —ट्रेनें लेट होती हैं, अब वेबसाइट भी उसी राह पर है।

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