यात्रा अभी अधूरी है”••• रिटायरमेंट से पहले CJI गवई का आह्वान— लैंगिक न्याय केवल महिलाओं की नहीं, पूरे समाज की जिम्मेदारी
बी के झा नई दिल्ली, 16 नवंबर जब देश के मुख्य न्यायाधीश (CJI) रिटायरमेंट की दहलीज पर खड़े होकर किसी विषय पर बात करते हैं, तो वह वक्तव्य केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि जाना-पहचाना सत्य का साहसिक उद्घोष बन जाता है। बुधवार को 30वें जस्टिस सुनंदा भंडारे स्मृति व्याख्यान के दौरान CJI जस्टिस डी.वाई. चंद्रचूड़ की…
