बी के झा
पटना , 16 नवंबर
बिहार के सत्ता गलियारों में नई हलचल शुरू हो चुकी है।18वीं विधानसभा गठन की आधिकारिक अधिसूचना जारी होने के साथ ही राजनीति में तेज़ी से बदलाव के संकेत दिखने लगे हैं। पटना का गांधी मैदान युद्धस्तर पर बदला जा रहा है—
मंच, सजावट, सुरक्षा और वीआइपी प्रबंधन की तैयारियां दिन-रात जारी हैं।सबसे अहम बात यह कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद शपथग्रहण में शामिल होंगे, जिससे कार्यक्रम की तारीख लगभग 19 या 20 नवंबर तय मानी जा रही है।नीतीश कुमार आज कैबिनेट बैठक बुलाएँगे, फिर देंगे इस्तीफा
नई सरकार के गठन की औपचारिक रूपरेखा अब साफ हो चुकी है।सोमवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कैबिनेट की विशेष बैठक में:17वीं विधानसभा भंग करने का प्रस्ताव पास कराएंगे इसके बाद राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपेंगे यह इस्तीफा एनडीए की नई सरकार के गठन का रास्ता पूरी तरह साफ करेगा।
सियासी सूत्रों के अनुसार, नीतीश कुमार का यह कदम पहले से तय रणनीति का हिस्सा है ताकि सत्ता हस्तांतरण पूरी तरह संवैधानिक और व्यवस्थित ढंग से हो।एनडीए की बैठकें: नए नेता के चयन पर सभी की नज़रनीतीश कुमार के इस्तीफे के तुरंत बाद:भाजपा जदयू हम (HAM)वीआईपी सहित सभी एनडीए दल अपने-अपने विधानमंडल दल की बैठकें करेंगे।इन बैठकों में:
एनडीए का सर्वसम्मत नेता चुना जाएगा
इसके बाद राज्यपाल के समक्ष सरकार गठन का दावा प्रस्तुत किया जाएगा
कौन बनेगा नेता?
कौन बनेगा नया मुख्यमंत्री?इस पर राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज़ हैं, लेकिन औपचारिक नाम का इंतज़ार सभी को है।गांधी मैदान में हाई-प्रोफाइल शपथ समारोह की धधकती तैयारियां
पटना के गांधी मैदान को शपथग्रहण के लिए एक विशेष आयोजन स्थल में तब्दील किया जा रहा है।
विशाल व मुख्य मंच का निर्माण प्रधानमंत्री व वी वीआईपी के लिए सुरक्षित विशेष ज़ोन तीसरी परत तक सुरक्षा घेराभीड़ प्रबंधन के लिए अतिरिक्त जवान
दर्जनों डीएसपी, एसपी और सुरक्षा इकाइयों की तैनाती स्थानीय प्रशासन, पुलिस, एसपीजी और इंटेलिजेंस एजेंसियां हाई अलर्ट मोड पर हैं।
पीएम मोदी की उपस्थिति से समारोह को मिलेगी भव्यता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पटना पहुंचने की लगभग आधिकारिक पुष्टि के बाद:कई भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों केंद्रीय मंत्रियों वरिष्ठ नेताओं दिग्गज राजनीतिक हस्तियों के भी पटना आने की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं।
इससे शपथ ग्रहण समारोह देश के सबसे बड़े राजनीतिक आयोजनों में से एक बनने की ओर बढ़ रहा है।
आचार संहिता खत्म — अब फैसलों की तेज़ बारिशजैसे ही चुनाव आयोग अधिसूचना राज्यपाल को सौंपेगा,आदर्श आचार संहिता समाप्त हो जाएगी।इसके साथ ही:सरकार गठनमुख्यमंत्री चयनमंत्रिमंडल तयशपथ समारोह की अंतिम तिथीप्रशासनिक फेरबदलजैसी गतिविधियां औपचारिक रूप से गति पकड़ लेंगी।राजनीति के लिए निर्णायक 48 घंटेआने वाले दो दिनों में बिहार की राजनीति में बड़े फैसले होने जा रहे हैं
:1. नीतीश कुमार का इस्तीफा
2. एनडीए का नेता चयन3. नई सरकार का गठन4. शपथ समारोह की तिथि तयसियासी हलकों में उत्सुकता चरम पर है।सबकी नज़र अब गांधी मैदान और राजभवन की ओर टिक गई है—जहाँ बिहार की नई सत्ता की पटकथा लिखी जाएगी ।
NSK

