“रात के सन्नाटे में धरती डोली: ओडिशा के कोरापुट में भूकंप के झटके, 5 KM गहराई ने बढ़ाई दहशत”

बी के झा ”भुवनेश्वर/कोरापुट, 5 अप्रैल शनिवार देर रात ओडिशा के कोरापुट जिले में धरती अचानक कांप उठी। रात करीब 11:30 बजे आए भूकंप ने कुछ ही सेकंड में लोगों को घरों से बाहर निकलने पर मजबूर कर दिया। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के अनुसार, इस भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 4.4 मापी गई,…

“संपादकीय”:- मालदा की आग—लोकतंत्र, कानून और समाज के लिए चेतावनी

बी के झा नई दिल्ली/ मालदा/ कोलकाता, 4 अप्रैल पश्चिम बंगाल के मालदा में 1 अप्रैल 2026 को घटी हिंसक घटना केवल एक स्थानीय उपद्रव नहीं है, बल्कि यह भारतीय लोकतंत्र के सामने खड़ी उन गहरी चुनौतियों का प्रतीक है, जिन्हें अब अनदेखा करना संभव नहीं रह गया है। कालियाचक ब्लॉक-II में मतदाता सूची से…

मालदा हिंसा: सियासत, साजिश और सुरक्षा का संग्राम — एक गहन विश्लेषण

बी के झा नई दिल्ली/ मालदा (पश्चिम बंगाल) 4 अप्रैल पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में 1 अप्रैल 2026 को भड़की हिंसा ने न केवल राज्य बल्कि पूरे देश की राजनीति, प्रशासनिक व्यवस्था और न्यायिक सुरक्षा पर गंभीर प्रश्नचिन्ह खड़े कर दिए हैं। चुनावी माहौल के बीच हुई इस घटना ने लोकतंत्र की संवेदनशीलता और…

संपादकीय: ‘शांतिदूत’ की आड़ में रणनीति—दक्षिण एशिया में चीन का नया खेल

बी के झा नई दिल्ली, 4 अप्रैल दक्षिण एशिया की जटिल कूटनीतिक बिसात पर चीन एक बार फिर “शांतिदूत” की भूमिका में उतरता दिखाई दे रहा है। पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच बढ़ते तनाव को कम करने के लिए बीजिंग में शुरू हुई त्रिपक्षीय वार्ता को पहली नजर में क्षेत्रीय स्थिरता की दिशा में सकारात्मक…

उत्तर भारत दहला: 5.9 तीव्रता के भूकंप ने जगाई चेतावनी—धरती की हलचल, विज्ञान और सतर्कता का संदेश

बी के झा नई दिल्ली, 4 अप्रैल शुक्रवार रात ठीक 9:42 बजे उत्तर भारत की शांत होती रात अचानक दहशत में बदल गई, जब धरती ने तेज झटकों के साथ अपने भीतर की हलचल का अहसास कराया। दिल्ली NCR से लेकर चंडीगढ़, पंजाब और जम्मू और कश्मीर तक कई इलाकों में लोगों ने कंपन महसूस…

संपादकीय: ‘टीम केजरीवाल’ में दरार—राघव चड्ढा विवाद और राजनीति का बदलता स्वरूप

बी के झा नई दिल्ली, 4 अप्रैल भारतीय राजनीति में उभरते चेहरों का तेजी से ऊपर आना और फिर विवादों में घिर जाना एक सामान्य प्रवृत्ति बन चुकी है। लेकिन राघव चड्ढा और आम आदमी पार्टी के बीच मौजूदा टकराव केवल एक व्यक्ति या पद का विवाद नहीं, बल्कि पार्टी के भीतर बदलते शक्ति समीकरण,…

संपादकीय: ‘समोसे’ से सियासत तक—राघव चड्ढा बनाम AAP, महत्वाकांक्षा, अनुशासन और भविष्य की जंग

बी के झा नई दिल्ली, 4 अप्रैल भारतीय राजनीति में प्रतीकों की अपनी एक अलग भाषा होती है। कभी ‘चाय’, कभी ‘सूट-बूट’ और अब ‘समोसा’—लेकिन सच्चाई यह है कि मुद्दा समोसे का नहीं, बल्कि सत्ता, संगठन और स्वतंत्र पहचान के टकराव का है। राघव चड्ढा और आम आदमी पार्टी के बीच चल रहा विवाद इसी…

संपादकीय: होर्मुज का संकट और भारत की ऊर्जा परीक्षा—‘ग्रीन सांवी’ से मिली राहत, लेकिन चुनौती बरकरार

बी के झा नई दिल्ली, 4 अप्रैल मध्य पूर्व में जारी संघर्ष और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की अस्थिरता के बीच भारत के लिए एक राहतभरी खबर सामने आई है। 46,000 टन से अधिक एलपीजी लेकर आ रहा विशाल टैंकर ‘ग्रीन सांवी’ भारत की ओर बढ़ रहा है और इसके 6 अप्रैल तक मुंबई पहुंचने की…

सीबीएसई का नया सिलेबस: शिक्षा में बदलाव या वैचारिक पुनर्संरचना?

बी के झा नई दिल्ली, 3 अप्रैल केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) द्वारा कक्षा 9वीं और 10वीं के लिए जारी नया पाठ्यक्रम शिक्षा जगत में व्यापक बहस का विषय बन गया है। यह बदलाव केवल विषयों या परीक्षा पद्धति तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भारत की स्कूली शिक्षा के दर्शन, दिशा और भविष्य को…

मिट्टी, मेहनत और मंज़िल: ईंट-भट्ठे से उठकर ‘यूपीएससी’ की ऊंचाई तक पहुंचा एक सपना

बी के झा चेन्नई / न ई दिल्ली, 3 अप्रैल जब ज़िंदगी हर रोज़ पसीने से रोटी कमाने का नाम हो, जब घर की दीवारें संघर्ष की गवाही देती हों और जब सपने भी अक्सर हालातों के आगे छोटे पड़ जाते हों—ऐसे माहौल में अगर कोई युवक देश की सबसे कठिन परीक्षा फतह कर ले,…