बी के झा
NSK

नई दिल्ली, 29 नवंबर
राष्ट्रीय राजधानी में सुरक्षा एजेंसियाँ पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं। दिल्ली पुलिस ने शहर के सभी प्राइवेट अस्पतालों को आधिकारिक नोटिस भेजकर उन डॉक्टरों की पूरी जानकारी मांगी है, जिन्होंने पाकिस्तान, बांग्लादेश, चीन और UAE से MBBS की पढ़ाई की है और वर्तमान में राजधानी के निजी अस्पतालों में प्रैक्टिस कर रहे हैं।क्यों मांगी गई डॉक्टरों की जानकारी?सूत्रों के मुताबिक, हाल के दिनों में आतंकी नेटवर्क, फर्जी मेडिकल डिग्री और संदिग्ध गतिविधियों से जुड़ी खुफिया रिपोर्टों के बाद पुलिस ने यह डेटा इकट्ठा करने का निर्णय लिया।
अस्पतालों से डॉक्टरों का—नाम स्थायी पता MBBS किस देश और किस संस्थान सेअस्पताल में जॉइनिंग की तारीखऔर पहचान दस्तावेज—की विस्तृत जानकारी मांगी गई है।अल फलाह मेडिकल कॉलेज मामला: NIA अब तक 30 डॉक्टरों से पूछताछ कर चुकी हैं।
दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई के बीच एक और बड़ी अपडेट सामने आई है।अल फलाह मेडिकल कॉलेज (हरियाणा) के 30 डॉक्टरों से राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने पूछताछ की है। यह पूछताछ आतंकी उमर को लेकर हो रही है, जिसने मेडिकल कॉलेज में स्टूडेंट के रूप में रहते हुए कई संदिग्ध गतिविधियाँ की थीं।उमर के बारे में सहकर्मी डॉक्टरों का खुलासा जांच के दौरान कई डॉक्टरों ने बताया—उमर बेहद रूड स्वभाव का था वह अपने कमरे में चुनिंदा लोगों को ही आने देता था वह अक्सर रहस्यमय तरीके से अलग-थलग रहता था
NIA को उमर के फोन से 4 वीडियो मिले हैं। इनमें से एक वीडियो पहले ही सामने आ चुका है जिसमें वह जिहाद, आत्मघाती हमलों और ह्यूमन बम को सही ठहरा रहा है।बाकी तीन वीडियो (3–5 मिनट के) भी इसी तरह की कट्टरपंथी विचारधारा से जुड़े बताए जा रहे हैं।
एजेंसी उमर के सहयोगियों, संपर्कों और मददगारों की खोज कर रही है।दिल्ली ब्लास्ट केस: चार आरोपी पटियाला हाउस कोर्ट में पेश राजधानी में सुरक्षा चिंता को और बढ़ाने वाला मामला लाल किले के पास 10 नवंबर को हुए ब्लास्ट का है, जिसमें जान-माल का बड़ा नुकसान हुआ था।इस केस में गिरफ्तार मुजम्मिल, मुफ्ती इरफान, शाहीन सईद और आदिल को NIA ने पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया।इनकी 10 दिन की कस्टडी पूरी होने के बाद अदालत में नई रिमांड पर सुनवाई की गई।
कुल मिलाकर—राष्ट्रीय राजधानी में सुरक्षा एजेंसियाँ हाई अलर्ट परएक ओर दिल्ली पुलिस विदेश से MBBS पढ़कर आए डॉक्टरों का डेटाबेस तैयार कर रही हैदूसरी ओर NIA आतंकी उमर और उसके नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है वहीं Delhi Blast केस में गिरफ्तार आरोपियों की पूछताछ जारी है
सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि इन सभी कार्रवाइयों का लक्ष्य राजधानी को सुरक्षित, संदिग्धों की पहचान सुनिश्चित करना और किसी भी आतंकी मॉड्यूल को बढ़ने से पहले ही ध्वस्त करने की रणनीति को मजबूत करना है।
